मधुहीर राजस्थान
जोधपुर। शहर में बदमाशों की हिमाकत ने पुलिस की गश्त व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। शहर के जलजोग चौराहा पर आधी रात को एक दुकानदार अपनी दुकान बंद करके घर गया था। उसी दुकान को आधी रात के बाद कुछ लोगों ने जेसीबी चलाकर तोड़ दिया। इस दुकान को लेकर मकान मालिक और किरायेदार में विवाद चल रहा है। दुकान किरायेदार ने पहले भी दुकान में तोडफ़ोड़ का प्रयास करने वालों के खिलाफ मामला दर्ज करवाया था, लेकिन पुलिस की तरफ से कार्रवाई नहीं होने से बदमाशों के हौसले बुलंद हो गए। अब दुकानदार की तरफ से शास्त्रीनगर थाने में रिपोर्ट दी गई है।
शास्त्रीनगर थानाधिकारी देवेंद्र सिंह देवड़ा ने बताया कि सीसीटीवी से आरोपियों की पहचान कर पकडऩे का प्रयास किया जा रहा है। दुकानदार कुलविंदर सिंह ममौत्रा ने बताया कि उसने दुकान किराए पर ले रखी थी। उसने आरोप लगाया कि दुकान खाली कराने के लिए शनिवार तडक़े करीब तीन बजे दुकान मालिक ने इसे खंडहर में तब्दील कर दिया। कुलविंदर ने पुलिस में इसकी शिकायत दी है। कुलविंदर ने बताया कि यह दुकान इसके पिता के समय से ही किराए पर है। इसमें वह मनी नाम से ढाबा चलाता है। शुक्रवार रात करीब एक बजे वह दुकान बंद करके गया था। कुलविंदर ने बताया कि शनिवार सुबह चार बजे उसका भाई दुकान के सामने से निकला तो उसने देखा कि दुकान को पूरी तरह से तोड़ दिया गया है। इस पर वे दुकान पहुंचे। पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर आई और अभय कमांड के सीसीटीवी से पता चला कि जेसीबी बुलडोजर से रात ढाई बजे बाद दुकान को तोड़ा गया है।
पहले भी हो चुकी है तोडफ़ोड़
कुलविंदसिंह ने बताया कि इसी वर्ष दुकान में घुस कर कुछ लोगों ने तोडफ़ोड़ की कोशिश की थी। उनको शिकायत के साथ पुलिस को सुपुर्द किया था। इन लोगों ने पुलिस को बताया कि उनको तोडफ़ोड़ के लिए अमाराराम प्रजापत, राजेंद्र कुमावत व हेमंत कांकरिया ने भेजा था, लेकिन पुलिस ने इनके खिलाफ कार्रवाई नहीं की। उन्होंने बताया कि दुकान का विवाद होने से वाद किराया अधिकरण में चल रहा है। यहां से स्थगन प्राप्त है, लेकिन आरोपी लगातार उसके पिताजी को धमका रहे थे। अब तो पूरी दुकान ही तोड़ दी। दुकान को क्षतिग्रस्त किए जाने से 15-20 लाख का नुकसान हुआ है।



